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Praveen Gola

Inspirational

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Praveen Gola

Inspirational

एक डोर से बंधे हैं हम

एक डोर से बंधे हैं हम

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एक डोर से बंधे हैं हम

जिसमे रक्षा करने का वादा है हुआ

मानो तो बहुत है ये गहरा रिश्ता

ना मानो गर तो ये दिल बेचारा हुआ

एक डोर से बंधे हैं हम।


ये कलयुग का बंधन है मेरे भाई,

जिसमे बहन भी लगती है परायी,

कुछ सालों के रिश्ते के बाद,

ये रिश्ता निभाना भी गंवारा ना हुआ,

एक डोर से बंधे हैं हम।


जिस कोख ने हमको जन्म दिया,

उसी कोख ने अंतर मन में भरा,

रक्षा बंधन के धागे में भी,

मोल भाव का बीज उत्पन्न किया,

एक डोर से बंधे हैं हम।


अक्सर सुनते है किस्से कई,

जब भाई से बहन निभाई ना गई,

धीरे - धीरे राखी के पर्व पर 

उसकी गरिमा ठुकराई गई 

एक डोर से बंधे हैं हम।


जब तक साँसें ये चलती रहें,

भाई - बहन की डोर भी जुड़ी रहे,

इसलिये रक्षाबंधन के पावन पर्व पर,

भाई की लम्बी उम्र की बहनें कामना करें,

एक डोर से बंधे हैं हम।


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