Participate in the 3rd Season of STORYMIRROR SCHOOLS WRITING COMPETITION - the BIGGEST Writing Competition in India for School Students & Teachers and win a 2N/3D holiday trip from Club Mahindra
Participate in the 3rd Season of STORYMIRROR SCHOOLS WRITING COMPETITION - the BIGGEST Writing Competition in India for School Students & Teachers and win a 2N/3D holiday trip from Club Mahindra

monika kakodia

Inspirational


3  

monika kakodia

Inspirational


बून्द बून्द अनमोल

बून्द बून्द अनमोल

1 min 240 1 min 240

बूँद बूँद है अनमोल

समझेगा कब इसका मोल,

व्यर्थ बहा ना कुछ तो तोल

सूखी नदियां ,नाले हैं

तालाबों पर ताले हैं

बन्द अक्ल के पट सब खोल

बूँद बूँद है अनमोल।

खुली नलों की टोंटी है

कई जगहों से टूटी है

कामचोरों की खोलो पोल

बूँद बूँद है अनमोल।

कर्तव्य ये सब का है

दोष भी हम सब का है

जल ही जीवन यह भी बोल

बूँद बूँद है अनमोल।


Rate this content
Log in

More hindi poem from monika kakodia

Similar hindi poem from Inspirational