STORYMIRROR

Arvina Ghalot

Comedy

1  

Arvina Ghalot

Comedy

बुढ़ापे की सनक

बुढ़ापे की सनक

1 min
71


साठ के पार हुआ कि

सनक ने आ घेरा,

दुख देने लगा पेट का

बढ़ता हुआ घेरा,

नहीं लगाई जो तूने

खाने पे लगाम,

तेरे घुटनों की हो जायेगी

बोल सिया राम,

चल भी नहीं ‌पायेगा,

बस बैठकर पछताएगा।


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Comedy