बस इतनी सी चाह
बस इतनी सी चाह
बस इतनी सी चाह ईश्वर मेरी पूरी करें।
आप ही का सुमिरन मेरे लिए जरूरी करें।।
बस इतनी सी चाह आपको पाने की है।
खूबसूरत ज़िंदगी आप संग बिताने की है।।
नई सोच के साथ निरंतर आगे जाने की है।
आप ही की याद में समय बिताने की है।।
बस इतनी सी चाह भगवन मेरी कबूल कीजिए।
सीधा-सादा बनकर रहने का आशीर्वाद दीजिए।।
दुखिया संसार से बस मेरा बेड़ा पार कीजिए।
दुआएँ लेने-देने का मुझे सुंदर व्यवहार दीजिए।।
बस इतनी सी चाह सदैव प्रेम बरकरार रहे।
किसी से भी हमारी नहीं कोई तकरार रहे।।
सभी के साथ हमारा केवल सद्व्यवहार रहे।
सहयोग तथा सहानुभूति से भरा संसार रहे।।
बस इतनी सी चाह कहीं इस जीवन में अधूरी न रह जाए।
मेरी इकलौती संतान भी इस बदलते जहाँ में बदल न जाए।।
केवल सकारात्मकता लिए हुए ही सारी दुनिया नज़र आए।
हे प्रभु! मेरे प्यारे और न्यारे देश में दिव्य दृष्टि नज़र आए।।
