why so lonely?
why so lonely?
Feeling so lonely... Let's have a talk today ...
So
हाथ थाम लो अपना,
तुम खुद ही होश संभाल लो अपना ,
आओ आज खुद से बात करते हैं ,
खुद को खुद के साथ करते हैं।
Holding hand in hand...
चलते हैं कहीं शोर से दूर,
एक ऐसी जगह जहां सुकून मिले
और खुशियों से भी हो भरपूर ।
एक ऐसी जगह जहाँ तुम्हारी जिंदगी का सबसे ज्यादा मोल हो
जहाँ सपने सपनों की जगह रहते हों
न की उनका तुम्हारी जिंदगी से कोई तोल हो।
आज खुद से ही बात करते हैं,
खुद को ओरों से खास करते हैं ,
खुद की अहमियत का खुद को अहसास दिलाते हैं,
वो तुम जो तुम में ही कहीं खो गया,
उसे फिर से जगाते हैं।
एक बार फिर से हँस कर तो देखो,
जिंदगी की मौका दे कर तो देखो,
तुम्हारी किस्मत में काँटे ही नहीं
फूल भी हैं,
एक बार फिर से जिंदगी को मौक़ा देकर तो देखो।
आज वहां चलते हैं जहां सारी दुनिया का शोर सुनाई तो देता है
पर किसी को दिखाई नहीं देता
हां...
आज चलते हैं तुम्हारे मन में,
जहां वक्त के साथ ढेरों ख्वाब बहते है,
जहां तुम्हारे सपने रहते हैं।
ढेरों सपने होने के बाद भी,
इतना अकेला महसूस क्यों करते हो ?
खुद को अहसास दिलाओ ... तुम्हारे लिए सिर्फ तुम हो ,
और तुम्हीं खुद पर विश्वास रखते हो।
फिर देखना तुम रोज खुद से बात करोगे ,
तुम्हारी जिंदगी में भी खुशियों की बहार आएगी,
तुम फिर से हँस पाओगे ,
तुम्हारी जिंदगी फिर से खिल जाएगी।
तुम खुद के ही जुगनू बन जाओगे और अपनी जिंदगी सदा के लिए रोशन कर जाओगे...!!
