STORYMIRROR

डॉ० कुलवीर बैनीवाल

Inspirational Others

2  

डॉ० कुलवीर बैनीवाल

Inspirational Others

बुद्धिमान की संगत

बुद्धिमान की संगत

1 min
151

आइंस्टीन के ड्राइवर ने एक बार आइंस्टीन से कहा--"सर, मैंने हर बैठक में आपके द्वारा दिए गए हर भाषण को याद किया है।"

आइंस्टीन हैरान !!!

उन्होंने कहा- "ठीक है, अगले आयोजक मुझे नहीं जानते। आप मेरे स्थान पर वहां बोलिए और मैं ड्राइवर बनूंगा।

ऐसा ही हुआ, बैठक में अगले दिन ड्राइवर मंच पर चढ़ गया और भाषण देने लगा...

उपस्थित विद्वानों ने जोर-शोर से तालियां बजाईं।

उस समय एक प्रोफेसर ने ड्राइवर से पूछा - "सर, क्या आप उस सापेक्षता की परिभाषा को फिर से समझा सकते हैं ?"

असली आइंस्टीन ने देखा- अब ये बड़ा खतरा है देखे ड्राइवर क्या करता है !!! इस बार ड्राइवर पकड़ा जाएगा। लेकिन ड्राइवर का जवाब सुनकर वे हैरान रह गए...

ड्राइवर ने जवाब दिया- "क्या यह आसान बात आपके दिमाग में नहीं आई ? मेरे ड्राइवर से पूछिए,---वह आपको समझाएगा।"

यदि आप बुद्धिमान लोगों के साथ चलते हैं, तो आप भी बुद्धिमान बनेंगे और मूर्खों के साथ ही सदा उठेंगे-बैठेंगे तो आपका मानसिक तथा बुद्धिमता का स्तर और सोच भी उन्हीं की भांति हो जाएगी..!!

सदैव प्रसन्न रहिये!!

जो प्राप्त है-पर्याप्त है!!



विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi story from Inspirational