स्वभाव
स्वभाव
जिसका होता जैसा स्वभाव
तैरती उसकी वैसी ही नाव
जग में जिसका जैसा दांव
उसे वैसा ही मिलता घाव
सौम्य होता है,जिसका स्वभाव
उसे मिलता यहां अच्छा भाव
जिसका होता जैसा स्वभाव
तैरती उसकी वैसी ही नाव
सर्दी में वही तापते है,अलाव
जिसके स्वभाव में होता,वाव
जिनका होता है,बुरा स्वभाव
वो रहते अकेले बनकर सांप
जिसका होता है,जैसा स्वभाव
तैरती उसकी यहां वैसी ही नाव
जिनका होता है,अच्छा स्वभाव
भर जाते है,उनके तो हर घाव
वो नही पीते है,गम की शराब
जिनका होता है,अच्छा बर्ताव
परदेश में बनते फूल लाजवाब,
जिनका मधुर होता है,स्वभाव
जिसका होता है,जैसा स्वभाव
तैरती उसकी यहां वैसी ही नाव
मिलेगा हर प्रश्न का जवाब
यदि तेरा अच्छा है,स्वभाव
सजेगा तेरा साखी हर,ख़्वाब
यदि मधुर है,सबसे तेरा व्यवहार
जिसका होता है,जैसा स्वभाव
तैरती उसकी यहां वैसी ही नाव
मुसीबत में कोई न देगा साथ
तब व्यवहार करेगा बेड़ा पार
अच्छा स्वभाव में ही है,सार
फ़िजूल में लड़ना होता बेकार
रखो आप अच्छा स्वभाव
बनेंगे आपके सब बिगड़े काम!
