Aakriti Jain
Romance
किसी दिन बेवजह
दिल में सनसनी सी हुई,
टटोल कर देखा
तो यह तेरा ही अक्स था।
लबों पर मुस्कान
लिए आखों में नमी,
समेट लीं मैंने
बिछड़ी पुरानी यादें सभी।
आंख मिचोली खेल चला
राह बेज़ार सी,
फिर वही कांटों का सफ़र
फिर वही फूलों की गली।
राह बेज़ार
गैर भी जहां अ...
अपने प्यार को याद करते हुऐ प्रेमिका का प्रेमी को उन यादों को मिटा सकने को ललकारना........ अपने प्यार को याद करते हुऐ प्रेमिका का प्रेमी को उन यादों को मिटा सकने को ललकारन...
अचानक ही तो मिले थे हम दोनों समय और संस्कारों की यात्रा में। अचानक ही तो मिले थे हम दोनों समय और संस्कारों की यात्रा में।
याद नहीं आ रही अब मुझे रुक्मणी और राधा.. चुंबकीय आकर्षण में तेरे हो गई अधीर और आधा.. याद नहीं आ रही अब मुझे रुक्मणी और राधा.. चुंबकीय आकर्षण में तेरे हो गई अधीर ...
बस तुम यूं ही आ जाना...। बस तुम यूं ही आ जाना...।
नफरतों का हो कैसा भी आलम ऋषभ प्रेम नफरत में चाहत को भर जायेगा नफरतों का हो कैसा भी आलम ऋषभ प्रेम नफरत में चाहत को भर जायेगा
कहता है वो पिता है अपने बच्चे को कविता मे सांस लेते महसूस करता है। कहता है वो पिता है अपने बच्चे को कविता मे सांस लेते महसूस करता है।
एक गीत अपनी मोहोब्बत के लिए।। एक गीत अपनी मोहोब्बत के लिए।।
प्रेम का ख़याल प्रेम से भी बड़ा और आकर्षक होता है। प्रेम का ख़याल प्रेम से भी बड़ा और आकर्षक होता है।
वो तो हमारी हर चिट्ठी को बस काग़ज़ समझते थे। वो तो हमारी हर चिट्ठी को बस काग़ज़ समझते थे।
दिसंबर तेरे यादों का मौसम दिसंबर तेरे यादों का मौसम
हँसी के उस दीदार में, साथ देने वाले प्यार में सोचो मत, आओ भर दो अपना नाम। हँसी के उस दीदार में, साथ देने वाले प्यार में सोचो मत, आओ भर दो अपना न...
मैं बन जाती थी आसमान, वो तारा बनकर मुझमें बिखर जाता था... मैं बन जाती थी आसमान, वो तारा बनकर मुझमें बिखर जाता था...
हर एक एक पल सदियों की तरह बहने लगे है सीने से हमारे इस प्रेम त्रासदी में कि जैसे लगने लगा है ग... हर एक एक पल सदियों की तरह बहने लगे है सीने से हमारे इस प्रेम त्रासदी में क...
वह कहानियाँ कहता था…मैं कहानियाँ सुनती थी… उसे व्हाईट रंग पसंद था और मुझे ब्लैक… वह कहानियाँ कहता था…मैं कहानियाँ सुनती थी… उसे व्हाईट रंग पसंद था और मुझे ब्लैक...
एक पाकीज़ा रंग जो नज़रों से गुजरे तो इश्क़ बन जाए सूफ़ियाना ,जब हो आसमन में झक सफेद बादल तब मेह बरसे प्य... एक पाकीज़ा रंग जो नज़रों से गुजरे तो इश्क़ बन जाए सूफ़ियाना ,जब हो आसमन में झक सफेद ...
अब रेडियो सी बजने वाली वह गुड़िया ताउम्र को खामोश हो गई थी। अब रेडियो सी बजने वाली वह गुड़िया ताउम्र को खामोश हो गई थी।
गिनना चाहती हूँ तारों को मैं, चाँद पर बैठना चाहती हूँ, थोड़ी देर... गिनना चाहती हूँ तारों को मैं, चाँद पर बैठना चाहती हूँ, थोड़ी देर...
इश्क़ की बात मत करो मुझसे मैं टूट चुकी हूँ इस मोहब्बत के किरदार में इश्क़ की बात मत करो मुझसे मैं टूट चुकी हूँ इस मोहब्बत के किरदार में
मैं मचलती हूँ सात सुर-सी बजती वीणा-सी, कोई नश्तर नहीं मेरे वज़ूद के आसपास... मैं मचलती हूँ सात सुर-सी बजती वीणा-सी, कोई नश्तर नहीं मेरे वज़ूद के आसपास...
खिलौने तो ख़रीद लूँगा पर खिलौनों से भी कहीं जी बहलता है खिलौने तो ख़रीद लूँगा पर खिलौनों से भी कहीं जी बहलता है