परिवार
परिवार
अपनेपन की बगिया है
खुशहाली का द्वार,
जीवन भर की पूँजी है
एक सुखी परिवार।
मां की ममता में बसता है
बच्चों का संसार,
जीवन का रस्ता दिखलाए
बापू की फटकार।
दादा-दादी की बातों में
है जीवन का सार,
भाई-बहनों का रिश्ता है
रिश्तों का आधार।
नाजुक डोरी रिश्तों की
मांगे बस थोड़ा सा प्यार
अहम छोड़ कर गर झुक जाए
बना रहेगा घर संसार।
टूटेगा हर सपना अपना
अगर बिखरता है परिवार
साथ अगर हो अपनों का तो
होगा खुशियों का अम्बार।
