STORYMIRROR

Dr. Gulabchand Patel

Inspirational

3  

Dr. Gulabchand Patel

Inspirational

पापा

पापा

1 min
272

कोरोना ने रास्ता है नापा बहुत ही प्यारे थे मेरे श्री पापा 

बारिश बिना है ये धरती प्यासी मेरे पापा का नाम था नरसी 

खेत किनारे चमक रहा है रेती मेरे पापा करते थे खेत में खेती

होली के त्यौहार में उभरे हैं रंग उतरायन में वो उड़ाते थे पतंग 

घर हमारा था झुग्गी झोपड़े दीपावली में वो दिलाते कपड़े 

खेत में वो बहुत ही काम करते भगवान शिवा न किसी से डरते 

कपड़े मिल में वो करते थे काम रख दिया उन्होंने गुलाब मेरा नाम 

पढ़ने न आता था उन्हें बाइबल लेकिन वो चलाते थे साइकल 

गांव में मुखिया फूला भाई नामदार मेरे पापा थे एक मिल कामदार 

हमारे घर में निकला था एक चिता पापा ने कहा कि तुम सिगरेट मत पीना 

पढ़ना चाहे तुम गीता और रामायण श्री गुलाब कहे तुम करना पापा का पूजन 



विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Inspirational