न कर लोगों को पहचानने की कोशिश
न कर लोगों को पहचानने की कोशिश
न कर लोगों को पहचानने की कोशिश
लोग जरूरत के हिसाब से बदलते हैं
बुरा कोई नहीं होता
साथ रहकर यह बात हम समझते हैं।
खुद को सुधारने में दे वक्त ,निखार खुद को इस तरह
औरों की गलतियां छोटी लगे नजर अंदाज कर तू इस तरह
अल्फाजों का ही तो फर्क होता है वरना कहां कोई किसी से कम होता है।
न कर लोगों को पहचानने कि कोशिश
लोग जरूरत के हिसाब से बदलते हैं।
