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Rahul S. Chandel

Inspirational

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Rahul S. Chandel

Inspirational

मेरा परिवार

मेरा परिवार

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थोड़ा सा लड़ता है
थोड़ा सा झगड़ता है,
समझाता बहुत है मुझे,
रास्ता दिखाता भी है मुझे।
दूसरे को देख कर ही सीखो,
लोगो से पूछ कर करो,
मेरी खुशी में, मेरे साथ सजता है।
मेरा परिवार मुझे समझता है।

एक पिता है यहां,
जिसे जिम्मेदारी जगाती है।
एक मां है यहां,
जिसे मेरी परवरिश सताती है।
भाई मेरे साहस का ही नाम है,
बहन विश्वास ही तो है मेरा।
मुझसे ज्यादा मेरी परवाह करता है,
 मेरा परिवार मुझे समझता है।

वो पढ़ता है किताबे जरूर,
यूनिवर्सिटी कैंपस में बचपन भले बिता है।
कमाता है खर्चे चलने को आज,
घर से दूर रहकर भी जीता है।
खुद के भी हैं अपने सपने भले,
पर वो बेटा फिकर तुम्हारी करता है।
तुम्हारी खुशी का सरगम उसके कानों बजता है,
 मेरा परिवार मुझे समझता है।


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