STORYMIRROR

Keshi Gupta

Inspirational

2  

Keshi Gupta

Inspirational

मानव हित

मानव हित

1 min
161

 उजड़ रहा है सारा चमन

 धर्म जाति के नाम पर

 गिर गया वजूद इंसानियत का

आधुनिकता के नाम पर

 हो रहा प्रचंड प्रहार 

 सुलग रही मशाल है

 सहमति असहमति का

 फैला हुआ बवाल है

 वक्त रहते ना संभले तो

हो जाना सब ख़ाक है

 मानव हित में सोचें सब

 बस इसका इंतजार है 



विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Inspirational