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Reena Tiwari

Abstract Others

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Reena Tiwari

Abstract Others

मानसून

मानसून

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कुछ फुहारें गिरी है धरती है

तो ख़ुशी से हरी हो उठी है धरती माँ

देख प्रकृति की खुशहाली को

मन झूम उठा दिल गाता है

चारों तरह मुस्कान लेकर आया है मानसून

मिल जुल कर ख़ुशियाँ मनाए प्यारा मानसून

शिव की प्रिय मास है ये

सबके मन को भाता

भार भंगिमाए सबके मन को सुहाता

बारिश की बूँदें पड़ी जो धरा पर

जल मग्न हो गया हर गाँव हर शहर।


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