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Thakur Sakshi Raghav

Tragedy

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Thakur Sakshi Raghav

Tragedy

लौट आओ

लौट आओ

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अब लौट आओ अपनी ही दुनिया में

उसकी दुनिया में अब कोई और आ‌ रहा है

अपनी जिंदगी बसा लो अब उसकी मीठी यादों के सहारे

क्योंकि वो अब जिंदगी किसी और के साथ बसाने जा रहे हैं

और लौट आओ अपनी ही दुनिया में

क्योंकि उसकी दुनिया में अब कोई और आ‌ रहा है

हां मालूम है मुझे तुम उसकी दुनिया और वो तुम्हारी दुनिया थी

पर अब मान‌ लो तुम भी कि अब वो‌ अपनी दुनिया

किसी और के साथ बसा रही है

और लौट आओ अपनी ही दुनिया में

क्योंकि उसकी में अब कोई और आ‌ रहा है।


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