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Amita Kuchya

Abstract Classics Inspirational

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Amita Kuchya

Abstract Classics Inspirational

" ख्वाइशों "

" ख्वाइशों "

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ख्वाइशों को पनपने दो ,

जज्बा जो दिल में है वो सुलगने दो,

बिना ख्वाहिश के कश्ती नहीं चलती,

जिंदगी की गाड़ी में गति तो भरने दो

मंजिलें हैं खास जज़्बात को बढ़ने दो,

इच्छाशक्ति हो तो ख्वाइशों का दफन न होने दो,


मन के मारे हार है ,हार को जीत में बदलने दो,

यही तो ख्वाइशों का मेला है, 

जीवन‌ को सदा संवरने दो,

ख्वाइशों को आसमान में उड़ने दो,

पंख फैलाओ, साहस भर आगे बढ़ने दो,

 पीछे मत मुंड़ देखो 


बस ख्वाइशों का बसेरा दिल में बसने दो, 

तभी आगे सफलता की चादर ओढ़ पाओगे,

वरना जीवन छोटा है ,दूसरों को देखोगे

 पीछे ही रह जाओगे

ख्वाइशों का कारवां यूं ही बढ़ने दो।


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