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ऋता शेखर 'मधु'(Rita)

Abstract Inspirational

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ऋता शेखर 'मधु'(Rita)

Abstract Inspirational

जन्मदिन

जन्मदिन

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जन्मदिन के दोहे


होता जग में आगमन, मिलता है संसार।

बन जाती है तिथि वही, जन्मदिवस हर बार।।१


नये उजाले में दिखे, सुन्दर यह संसार।

मात-पिता की गोद में, सुख है अपरंपार।।२


जन्मदिन का खास दिवस, आता है हर साल।

देकर जाता है खुशी, पुलकित होती चाल।।३


मिलती है शुभकामना, मिलते हैं उपहार।

शुभ हो जाए अवतरण, आए बारंबार।।४


मनाएँ हम जन्मदिवस, करके प्रभु का ध्यान।

जीवन के वरदान का, यह उत्तम सम्मान।।५


उम्र बढ़े अनुभव बढ़े, बढ़ता जाए ज्ञान।

इसे सभी को बाँटिए, करके अनुसंधान।।६


पश्चिमी हुई सभ्यता, काट रहे सब केक।

कैंडल को हम फूँककर, बाँटें सबको शेक।।७


लगता है सुन्दर सदा, जन्मदिवस का रूप।

रहे पेय में छाछ या, फिर टोमैटो सूप।।८


झिलमिल करती रोशनी, होता डीजे डांस। 

उत्सव के हर रूप में, खुशियों का है चांस।।९


बुज़ुर्ग बालक या बड़े, सबको होती चाह।

बर्थडे में खूब मिलें, खुशियाँ उन्हें अथाह।।10


कुछ को कपड़े बाँटिये, कहीं दीजिए दान।

सबके ही आशीष से, दिन यह बने महान।।11



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