Asha Pandey 'Taslim'
Abstract
बोतल को निहारना
दिन प्रतिदिन
आस की टकटकी,
किसी रोज़
निकल आयेगा जिन्न
पूछेगा मुझसे
क्या हुक्म है?
बताऊंगी उसे हर वो काम
जो अधूरा रह गया।
जड़
कविता
पालनहार
गुनहगार
मसीहा
झींगुर
फ़न
बिखराव
_टेहलुआ
आरजू
जो जाति ,धर्म का भेद न जाने जो मानव को बस मानव ही माने जी ,आप समझते होंगे कि वह कोई। जो जाति ,धर्म का भेद न जाने जो मानव को बस मानव ही माने जी ,आप समझते होंगे ...
इंसान को बुद्धि देकर किया तुमने कितना उपकार इंसान को बुद्धि देकर किया तुमने कितना उपकार
सद्बुद्धि पा बदल सको तुम, पर हम यही प्रार्थना करते। सद्बुद्धि पा बदल सको तुम, पर हम यही प्रार्थना करते।
चेहरे की सुंदरता छोड़ो मेरी वाली , तो नकाब में भी खूबसूरत लगती हैं। चेहरे की सुंदरता छोड़ो मेरी वाली , तो नकाब में भी खूबसूरत लगती हैं।
एक से ज़्यादा भाषा भी जानना कमाल है। एक से ज़्यादा भाषा भी जानना कमाल है।
गुनगुना उठती है वही हमारा गाया हुआ गीत बोल है। गुनगुना उठती है वही हमारा गाया हुआ गीत बोल है।
दिल की भावनाएं मस्तिष्क समझे नहीं, दिल को मस्तिष्क की बातें माननी नहीं, सही ग़लत का उलझन दिल क... दिल की भावनाएं मस्तिष्क समझे नहीं, दिल को मस्तिष्क की बातें माननी नहीं, सही ग़लत...
सुना है यहां कोई भी मोहब्बत नहीं करता। सुना है यहां कोई भी मोहब्बत नहीं करता।
कौन है वो चित्रकार जो चित्रकारी इनमें करता है। कौन है वो चित्रकार जो चित्रकारी इनमें करता है।
इसी शोषण के बल पर, मैं अपना अस्तित्व संभाल रहा हूँ। इसी शोषण के बल पर, मैं अपना अस्तित्व संभाल रहा हूँ।
दिल में कसक सी बाकी रह जाती है दिल में कसक सी बाकी रह जाती है
लहरों की अहमियत किसी को समझ नहीं आती है। लहरों की अहमियत किसी को समझ नहीं आती है।
वह मुसाफ़िर हर वक्त एक रास्ता बदल गया ! वह मुसाफ़िर हर वक्त एक रास्ता बदल गया !
बिन तुम्हारे बेकाबू भड़कती अनल हूं मैं। बिन तुम्हारे बेकाबू भड़कती अनल हूं मैं।
नीर भरी अंखियों में तुमने, पीड़ा की गहराई दी, नीर भरी अंखियों में तुमने, पीड़ा की गहराई दी,
कैसे पूजा हो माँ तेरी, या कि करूँ मैं पाठ। जाने कैसी बुद्धि हमारी, उम्र हो&n... कैसे पूजा हो माँ तेरी, या कि करूँ मैं पाठ। जाने कैसी बुद्धि हम...
भले अंधेरी रात अभी, बहुत दूर अब भोर नहीं। भले अंधेरी रात अभी, बहुत दूर अब भोर नहीं।
कविता, मेरे दिल की आवाज मेरे अकेलेपन की साथी। कविता, मेरे दिल की आवाज मेरे अकेलेपन की साथी।
मैं यदि सोया ही रह गया तो मेरे बच्चे भूख से मर जायेंगे। मैं यदि सोया ही रह गया तो मेरे बच्चे भूख से मर जायेंगे।
सुना है दबे पांव ही आता है प्रेम। सुना है दबे पांव ही आता है प्रेम।