STORYMIRROR

अनामिका वैश्य आईना Anamika Vaish Aina

Inspirational Thriller

4  

अनामिका वैश्य आईना Anamika Vaish Aina

Inspirational Thriller

जीना सीखा दे मुझे

जीना सीखा दे मुझे

1 min
244

जिन्दगी आज जीना सिखा दे मुझे

देवता से मिरे अब मिला दे मुझे


हो बिमारी हज़ारी मुझे तोड़ती 

हाथ से भोज अपने खिला दे मुझे 


लोग देखें जले प्यार का रूप रँग 

इश्क़ में लाज़वाबी वफा दे मुझे


सर्दियाँ हैं सताती मुझे रात दिन 

ओढ़नी ओढ़ सँग गुनगुना दे मुझे


याद आती पुराने दिनों की सखे 

छेड़ कर साज वो सिलसिला दे मुझे


देख जिसमें सकूँ मैं सनम आपको 

चाहते नैन जो आइना दे मुझे।


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Inspirational