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jyoti mishra

Tragedy

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jyoti mishra

Tragedy

एक गरीब बेटी की गुहार

एक गरीब बेटी की गुहार

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छोटी सी उमर है बाबा

 मत जाओ शादी ना बाबा

देखो सोनी काजल खेल रही है

मुझे भी खेलने दो ना बाबा

बहुत काम बाकी है उसी भी पूरा कर लेने दो ना बाबा

सब कहते हैं बेटी बोझ होती है

क्या मैं भी बोझ हूं बाबा

चुप क्यों हो कुछ तो बोलो ना बाबा

चिंता ना लो बाबा

 बेटी हूं तो क्या हुआ

बुढ़ापे की सहारे बनुगी ना बाबा

चिंटू पिंटू पढ रहा है

मुझे भी पढ़ने दो ना बाबा

बाबा बेटी नाम बहुत बड़ा है

इसे भी हिम्मत तो ना बाबा

छोटी सी उमर है

शादी ब्याह अभी मत रचाओ ना बाबा

पढके आपका नाम रोशन करूंगी ना बाबा

बेटी हो तो क्या हुआ

बेटी नाम रोशन करोगी ना बाबा

चुप क्यों हो कुछ तो बोलो ना बाबा

बाबा कल आए मेहमान कितना अपमान कर गये

एक दहेज के लिए कितना खरी-खोटी सुना जाए

आपकी बेटी को अनपढ़ गवार बता गए

यह सुनकर क्यों चुप हो बाबा

खामोश इस तरह क्यों बैठे हो बाबा

आपकी बेटी गुहार लगा रही

इसकी हिम्मत बन जाओ ना बाबा

अनपढ़ से पढ़ा लिखा दो ना बाबा

आपने ज्योति नाम रखा है बाबा

इसका मतलब बदला दो ना बाबा

चुप क्यों हो कुछ तो बोलो ना बाबा।


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