दोहा मुक्तक -देश
दोहा मुक्तक -देश
दोहा मुक्तक - देश ********** गर्व सदा हो आपको, अपना मानो देश। जैसा अपना राष्ट्र है, अब वैसा परिवेश। मनन आप भी कीजिए, देवें ये सौगात- माथ राष्ट्र का उच्च हो, दूर रहे सब क्लेश।। लोकतांत्रिक देश है, भारत की पहचान। हम चुनते सरकार हैं, अपना देश महान। विश्व पटल के शिखर पर, चढ़ता जाता राष्ट्र- नित्य नई उपलब्धियाँ, करतीं इसका गान।। देश भक्ति की भावना, करते सब गुणगान। पावन मंगल साधना, बनी हुई पहचान। अर्थ धर्म के संग में, संवेदना सुचार- योग्य नेतृत्व हाथ में, दुनिया करें बखान।। सुधीर श्रीवास्तव
