Sonali Tiwari
Action Inspirational
आज सपने में आया
चाँद था मुझसे बोला,
तुम्हारा संदेशा मुझे मिल गया है...
चंद्रयान-3
चंद्रयान 3
दे दो पुरानी ...
कच्ची मिट्टी ...
कहीं बैठे है अन्ना हजारे रामदेव ने भी पैर पसारे कहीं बैठे है अन्ना हजारे रामदेव ने भी पैर पसारे
धड़कन केवल काल चक्र का मन बहलाती है.... दोपहरी..........।। धड़कन केवल काल चक्र का मन बहलाती है.... दोपहरी..........।।
खोज की अनंत में दिगंत को निहारती चलकर वर्तमान संग। खोज की अनंत में दिगंत को निहारती चलकर वर्तमान संग।
जन-जन में शुभ संस्कार की, समस्या तब ही मिट पाएगी, सारे ही संसार की। जन-जन में शुभ संस्कार की, समस्या तब ही मिट पाएगी, सारे ही संसार की।
देश का नमक, हराम जो करे। जाके उसको, खदेड आऊँ मैं।। देश का नमक, हराम जो करे। जाके उसको, खदेड आऊँ मैं।।
एक दिन तुम्हारा भी नाम होगा, तुम्हारा भी सत्कार होगा, एक दिन तुम्हारा भी नाम होगा, तुम्हारा भी सत्कार होगा,
दर्द थकन तन्हाई सारे, तब छू-मंतर हो जाते हैं..... प्रिये तुम्हारी.......।। दर्द थकन तन्हाई सारे, तब छू-मंतर हो जाते हैं..... प्रिये तुम्हारी.......।।
आधा जीवन बीता यूँ ही पता नहीं कल क्या घट जाए आधा जीवन बीता यूँ ही पता नहीं कल क्या घट जाए
काबू नहीं वीर वो आया, बादशाह था हैरानी काबू नहीं वीर वो आया, बादशाह था हैरानी
जन्नत सी जिन्दगी जीता हर क्षण खुशी की बात होगी। जन्नत सी जिन्दगी जीता हर क्षण खुशी की बात होगी।
तू देख कर चट्टानों को कभी हिम्मत नहीं खोना पल भर की नाकामी पर तू भूल कर भी नहीं रोना तू देख कर चट्टानों को कभी हिम्मत नहीं खोना पल भर की नाकामी पर तू भूल कर भी नह...
रात रागिनी रमे कि खो स्वयं के' होश को। चाँद चाँदनी चले मचल मचल ये' दिल रहा॥ रात रागिनी रमे कि खो स्वयं के' होश को। चाँद चाँदनी चले मचल मचल ये' दिल रहा॥
बड़ों का होता सम्मान दिलों में, ये राम राज का दौर है। बड़ों का होता सम्मान दिलों में, ये राम राज का दौर है।
याद कर सब कुछ नशा छा गया कैसे कहें हम बस मजा आ गया। याद कर सब कुछ नशा छा गया कैसे कहें हम बस मजा आ गया।
भेजो उन्हीं स्कूल, जहां मुफ्त मिले हर शिक्षा। भेजो उन्हीं स्कूल, जहां मुफ्त मिले हर शिक्षा।
मैं हिन्दुस्तान से हूँ.... मुझसे हिन्दी में ही बात करना तुम.... मैं हिन्दुस्तान से हूँ.... मुझसे हिन्दी में ही बात करना तुम....
और अपनी जिंदगी में खुश हो जाएंगे और अपनों को खुश कर जाएंगे। और अपनी जिंदगी में खुश हो जाएंगे और अपनों को खुश कर जाएंगे।
तो क्यों ना चला जाए अकेले ही अनजान डगर पे। तो क्यों ना चला जाए अकेले ही अनजान डगर पे।
क्या खुला आकाश हूँ मैं जो अनंत, असीम है जीव जन्म का बीज है जो छोर का जिसके नहीं पता। क्या खुला आकाश हूँ मैं जो अनंत, असीम है जीव जन्म का बीज है जो छोर का जि...
अपनी-अपनी जीवनचर्या धर्म निरपेक्ष है देश हमारा अपनी-अपनी जीवनचर्या धर्म निरपेक्ष है देश हमारा