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संजय असवाल "नूतन"

Abstract Inspirational Children

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संजय असवाल "नूतन"

Abstract Inspirational Children

चिड़िया की सीख..!

चिड़िया की सीख..!

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ची ची चूं चूं चिड़िया आकर 

गीत हमेशा गाती है 

फुदक फुदक कर यहां वहां

फुर्र फुर्र उड़ जाती है।


छोटे छोटे तिनके लाकर

नीड़ अपना बनाती है

उछल उछलकर सबका फिर

ये दिल भी बहलाती है।।


कभी पेड़ पर नाचती

कभी बूंद चोंच पे भरती है

इधर उधर मंडराती रहती 

जाने क्या क्या कहती है।


रहो सदा संतोषी हरदम

जो मिले बांटकर खाओ तुम

बात बात पर लड़कर अपना

मूल्यवान समय ना गंवाओ तुम।।


आसमान में उड़ती रहती 

यही सीख दे जाती है

नही किसी से द्वेष रखो तुम

हम सबको सिखलाती है।


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