(( आजकल का माहौल ))
(( आजकल का माहौल ))
आजकल है माहौल ऐसा,
कोई नहीं है दुनिया में अपना।
बाहर जाने पर लगता डर,
सबसे ज़्यादा सुरक्षित अपना घर।
रिश्तेदार भी देते-देते हैं धोखा,
लड़कियों के लिए कोई नहीं अच्छा।
डिग्री का हुआ खत्म ज़माना,
एआई है, कामयाबी का रास्ता।
गंदी नज़रों से देखते सब,
पैसे नहीं तो मतलबी सब।
अच्छे बनो तो मिलता धोखा,
बुरे बनें तो मिले सहारा।
अब जीने का सिर्फ एक ही रास्ता,
एआई का लेना पड़ेगा सहारा।
लेखक: न्यूसन साहू
