ख्वाबो का सफर
ख्वाबो का सफर
ख्वाबो का सफर
वक़्त के दायरे मे ना रख,
रखते है सभी ख्वाब वहाँ,
तोड़ दे सभी जंजीरों को,
रोशन कर अपना जहां
चला था तू राह अकेले,
हर पल है तूने सीखा,
इम्तिहान है ये ज़िंदगी,
तू भी कुछ कर दिखा
बुलंद कर अपने इरादे,
छु ना पाये उसे तूफान,
घहराई समजे सूखे मे,
वजाह बन किसी की मुस्कान
उम्मीद है तेरी ज्वाला,
कोशिशों से ना हारना,
सुन ना अब किसी की,
चला चल है तू झरना
ख्वाबो को ना छोड़ अपने,
लिए कुछ पल आसान,
खुदा ने है खुद तुझे चुना,
उड ख्वाबो को लेके आसमान !
