Pawanesh Thakurathi
Inspirational
वह वृक्ष वृक्ष नहीं,
जो छायादार नहीं है।
वह घर घर नहीं,
जो हवादार नहीं है।
सच कहूँ तो जो
अपने वतन से,
मुहब्बत ना करे,
वह मनुज भी मनुज
कहलाने का,
हक़दार नहीं है।
दिसंबर के मही...
गणतंत्र
तिरंगा
चोर
जीवन लाखों का...
प्यारी हिंदी ...
पत्रकार, तुम ...
डर
समस्या
हल को हुआ बंज...
तट को फल फूलदार करे आस पास साफ सुथरा करे जागरूकता के भाव हो सब में माँ रेवा का तट को फल फूलदार करे आस पास साफ सुथरा करे जागरूकता के भाव हो सब में ...
मुहब्बत की नदियाँ बहा घर को जन्नत बना देना तुम। मुहब्बत की नदियाँ बहा घर को जन्नत बना देना तुम।
संसार को यह संदेश बताती हूँ मैं हॉं नदी हूँ मैं। संसार को यह संदेश बताती हूँ मैं हॉं नदी हूँ मैं।
मैं सरिता सर-सर, कल-कल करती मन की गहराईयों में अठखेलियां करती हूँ प्रवाहिनी बनकर मैं सरिता सर-सर, कल-कल करती मन की गहराईयों में अठखेलियां करती हूँ ...
कठिनाइयाँ आए सामने तो डट कर खड़े रहती है अपना रास्ता खुद ही चुना करती है ये नदी ही कठिनाइयाँ आए सामने तो डट कर खड़े रहती है अपना रास्ता खुद ही चुना करती है ...
जो आलस में डूबे रहते, खुद अपना नुक्सान हैं करते जो आलस में डूबे रहते, खुद अपना नुक्सान हैं करते
करता रहा गर यूं मनमानी, अस्तित्व होगा फिर संकट में, स्वार्थ और अहम में आकर, करता रहा गर यूं मनमानी, अस्तित्व होगा फिर संकट में, स्वार्थ और अहम में आकर...
तुझ पर फेंकी हर ईंट उठा, जोड़ सभी को मज़बूत नींव बना। तुझ पर फेंकी हर ईंट उठा, जोड़ सभी को मज़बूत नींव बना।
आदर सम्मान, एक दूसरे से प्रेरणा भारतवासियों की आन, बान, शान है। आदर सम्मान, एक दूसरे से प्रेरणा भारतवासियों की आन, बान, शान है।
जीवन मे मस्ती मज़ाक भी जरूरी है, असफलता पा के मौत को कभी गले लगाना नहीं, जीवन मे मस्ती मज़ाक भी जरूरी है, असफलता पा के मौत को कभी गले लगाना नह...
मुसीबतें आकर टालेगी बहुत घबरा नहीं तू, मत पीछे चल मुसीबतें आकर टालेगी बहुत घबरा नहीं तू, मत पीछे चल
चलो उठो अब शरुआत हो छोड़ पुरानी नई बात हो मानो तो कई खुशी पास है दिन नया है नई आस है चलो उठो अब शरुआत हो छोड़ पुरानी नई बात हो मानो तो कई खुशी पास है दिन नया...
मुझे तो हर शख्स के अंदर इंसान दिखाई देता है। मुझे तो हर शख्स के अंदर इंसान दिखाई देता है।
लाड़ चाव दादी दिखलाती, दादा नेह लुटाते मीठी उसकी किलकारी पर, मुख सबके खिल जाते लाड़ चाव दादी दिखलाती, दादा नेह लुटाते मीठी उसकी किलकारी पर, मुख सबके खिल जात...
थक चुका हो आसमां, या रुक गई हो चांदनी, चल पड़ी हो या पवन, या दहकती हो रौशनी थक चुका हो आसमां, या रुक गई हो चांदनी, चल पड़ी हो या पवन, या दहकती हो रौशनी
परंतु आज के बच्चे बहुत अलग प्रकार का सोच रखते हैं परंतु आज के बच्चे बहुत अलग प्रकार का सोच रखते हैं
इसके लिए उम्मीदों को कभी-कभी दरकिनार कीजिए ! इसके लिए उम्मीदों को कभी-कभी दरकिनार कीजिए !
हर वक़्त कहे न पढ़ने को, बच्चों के साथ भी खेले हम। परीक्षा में कम नंबर आने पर, उत्साह हर वक़्त कहे न पढ़ने को, बच्चों के साथ भी खेले हम। परीक्षा में कम नंबर आने प...
निकलूंगी बनकर नया सवेरा है स्वयं से एक वचन मेरा। निकलूंगी बनकर नया सवेरा है स्वयं से एक वचन मेरा।
यह वक्त ना ठहरा है ना ठहरेगा कर विश्वास अब उजाला ही फैलेगा। यह वक्त ना ठहरा है ना ठहरेगा कर विश्वास अब उजाला ही फैलेगा।