STORYMIRROR

Padmini Parida

Inspirational

4  

Padmini Parida

Inspirational

संघर्ष

संघर्ष

1 min
305

संघर्ष कर के तोड़ो सीमाओं को

खुद को काबिल करो।

संघर्ष के बिना लक्ष्य को पाना

ना मुमकिन है।

अब तो संघर्ष तय है

मुकाम तय होना बाकि है।

संघर्ष करके हर बार दो मौक़ा जिंदेगी को

ना खुदको कभो निराशा करो।

संघर्ष के बाद इंतिजार मैं है कहीं खुशियां

 ताकत दो आपने पँखोको।

संघर्ष मैं जिसने काम किया

वही तो अपना नाम रौशन किया।

संघर्ष करना सीखोगे तो हस्तरेखा

 मैं ना उलझोगे,

संघर्ष से आपनी लकीर खींचोगे।

संघर्ष से बिहंग विशाल समूह का

आश्रय नहीं,

अकेले ही उड़े, उसे किसिका भय नही।

संघर्ष मैं घनघोर अंधेरा भी होगा

तू वो कायर नहीं, जो संघर्ष से डरे।

संघर्ष करो आगे बड़ो, क्या संसार मैं

हार किसकी हुई नहीं।

संघर्ष करो भुजाओ मैं बल हैं तुमारी

कर अथच प्रयास, किस्मत तेरे हात मै है।

संघर्ष से ना डरो, अंत कैसा नभ

 आरंभ करो।



विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Inspirational