STORYMIRROR

Pawanesh Thakurathi

Inspirational

3  

Pawanesh Thakurathi

Inspirational

सातवाँ आदमी

सातवाँ आदमी

1 min
284

पहला, दूसरे से बोला-

मैं हिंदू हूँ, तू मुस्लिम है। 


तीसरा, चौथे से बोला-

मैं सिख हूँ, तू ईसाई है। 


पांचवाँ, छठे से बोला-

मैं बौद्ध हूँ, तू जैन है। 


सातवाँ बेचारा अकेला छूट गया। 

वह किसी से कुछ नहीं बोला


बस सिर उठाकर चलता रहा

यह सोचकर कि

मैं सिर्फ भारतवासी हूँ। 



Rate this content
Log in

Similar hindi poem from Inspirational