STORYMIRROR

Sumit. Malhotra

Abstract Romance Action

4  

Sumit. Malhotra

Abstract Romance Action

पहली मुलाक़ात में

पहली मुलाक़ात में

1 min
294

मैं हर रोज़ रात को छत पर ही बैठकर पढ़ता था, 

वो तब हर रात को सैर करने निकला करती थी। 


पहली मुलाक़ात में दोनों को तभी प्यार हुआ था, 

रोज़ रात को पढ़ने का इंतज़ार किया करती थी। 


रात को नाइट सूट पहने हुए जब निकला करती, 

कभी गुलाबी तो कभी लाल रंग में परी निकली। 


मेरे तन-मन ने पढ़ाई-लिखाई करना छोड़ दिया, 

बस वो मुझे व मैं उसे प्यार से तकता रहता था। 


फ़िर एक दिन हमें प्यार में जुदाई का दर्द मिला, 

वो विवाह करके हमेशा के लिए दुबई चली गई। 


मेरे प्यार की कहानी की शुरूआत इंतज़ार में, 

आगाज़ होने से पहले अंजाम पर पहुँच ख़त्म हुई।


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Abstract