STORYMIRROR

The Tatva Girl

Abstract Romance

3  

The Tatva Girl

Abstract Romance

न समझ पाई

न समझ पाई

1 min
171

न मैं तुम्हें समझ पाई 

न खुद को समझा पाई 

क्यू मैं इतनी नासमझ निकली 

तुझे चाहने की चाहत में 

न समझ पाई न सुलझ पाई 


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Abstract