Neetu Singh Chauhan
Romance
ये दिल प्यासा है ये काली रात भी प्यासी है।
समुंदर भी प्यासा है ये बरसात भी प्यासी है।।
तुम्हारे प्रेम को पाना चाहत है मेरे दिल की।
राधा कृष्ण से प्रेम की ये कायनात भी प्यासी है।
मुक्तक
भारत की लड़की ...
तिरंगे को कफन...
मैखाना न होता
मैं भारत की ल...
भारत माता पुक...
स्पर्श
चली आऊंगी
देश हम सभी का...
मेरी आंखों को प्यास है तुम्हारे दीदार की । घर के आंगन को इंतजार है तुम्हारे आने की । मेरी आंखों को प्यास है तुम्हारे दीदार की । घर के आंगन को इंतजार है तुम्हारे आ...
ख़ुशनुमा दिनों की यादें हैं करने तुमसे कई वादे हैं।। ख़ुशनुमा दिनों की यादें हैं करने तुमसे कई वादे हैं।।
तेरे चेहरे में जो कभी ना ख़त्म होने वालाा हो हम फिर कभी ना मिल सकेंगे। तेरे चेहरे में जो कभी ना ख़त्म होने वालाा हो हम फिर कभी ना मिल सकेंगे।
तुमने तो कुछ कहे बिना चुन लिया हमसफ़र अपना, और मैं वफ़ा की इस राह में बस अकेली ही चल र तुमने तो कुछ कहे बिना चुन लिया हमसफ़र अपना, और मैं वफ़ा की इस राह में बस अकेल...
डरता था कहीं ये दोस्ती टूट न जाए खामोश रहा लौटते वक्त महफ़िल से। डरता था कहीं ये दोस्ती टूट न जाए खामोश रहा लौटते वक्त महफ़िल से।
तुम कहीं नहीं हो मगर तुम्हारे साथ होने का वहम काफ़ी है। तुम कहीं नहीं हो मगर तुम्हारे साथ होने का वहम काफ़ी है।
सपने सजा कर हजारों, आपना दामन छुड़ा लिया। सपने सजा कर हजारों, आपना दामन छुड़ा लिया।
अभी तो इनका एक-दूसरे में सिमट आना शेष है। अभी तो इनका एक-दूसरे में सिमट आना शेष है।
प्रथम प्रेम इंसान को कितना कुछ बदल देता है! प्रथम प्रेम इंसान को कितना कुछ बदल देता है!
फिर तुम क्या हमें खुद को भी भूल जाना है। फिर तुम क्या हमें खुद को भी भूल जाना है।
तुम हर्ष हो उत्कर्ष हो, तुम प्राण प्रिय मम आन हो। तुम जीव के वाणी वही, सुमधुर धुनी त तुम हर्ष हो उत्कर्ष हो, तुम प्राण प्रिय मम आन हो। तुम जीव के वाणी वही, ...
देखो ना ! कैसी सुहानी रिमझिम बरसात हुई है ख्वाबों ख्वाबों में आज फिर उनसे मुलाकात देखो ना ! कैसी सुहानी रिमझिम बरसात हुई है ख्वाबों ख्वाबों में आज फिर ...
रेगिस्तान बने दिल की जमीं पर नमी, जैसे सदियों पुरानी बहार का लौटना था। रेगिस्तान बने दिल की जमीं पर नमी, जैसे सदियों पुरानी बहार का लौटना था।
मेरे दिल के दरवाजे पर दस्तक देती हैं कुछ यादें तेरी कदमों की आहट से खुल जाती है । मेरे दिल के दरवाजे पर दस्तक देती हैं कुछ यादें तेरी कदमों की आहट से खुल जाती...
यूँ तो इश्क का जिस्म से क्या वास्ता आँखों से रूह तक है इश्क क यूँ तो इश्क का जिस्म से क्या वास्ता आँखों से रूह तक है ...
आज दुनिया मेरी खूबसूरत हो गई जो मैंने तुझे पाया, आज दुनिया मेरी खूबसूरत हो गई जो मैंने तुझे पाया,
गरम चाय की प्यालियों संग खनकती, यारों की महफिल सँवरने लगेंगी। गरम चाय की प्यालियों संग खनकती, यारों की महफिल सँवरने लगेंगी।
भी जीत लेंगे हम, कि आसमां से परे, दो दिल मिल कर रहेंगे। भी जीत लेंगे हम, कि आसमां से परे, दो दिल मिल कर रहेंगे।
पूरी होवें मनोकामनाएं कृपा प्रभु की रहे, प्रभु विनती" धनपति "की यह स्वीकार हो। पूरी होवें मनोकामनाएं कृपा प्रभु की रहे, प्रभु विनती" धनपति "की यह स्वीकार हो...
मैं तो बस खोती जाऊँ, प्रियतम, तुझे अंतस में पाऊँ, मैं तो बस खोती जाऊँ, प्रियतम, तुझे अंतस में पाऊँ,