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Prashant Prashant

Romance

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Prashant Prashant

Romance

मुझे पता है अब तू मेरे शहर में नहीं है

मुझे पता है अब तू मेरे शहर में नहीं है

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मुझे पता है अब तू मेरे शहर में नहीं है

मै हूँ , चाय है, बस तू यहाँ नहीं है,


घूमता हूँ मै तेरे साथ बिताइ गलियो में

बस तू यहाँ नहीं है,


आंखे बन्द करता हूँ तेरी याद में, तू है

इन हाथ की उंगलियो के बीच की खाली जगह है

बस तू यहाँ नहीं है,


तेरी खुश्बु तेरी यादो के साथ फर्श पर बिखर जाती है

हँसता हूँ ,हँसाता हूँ , गुनगुनाता हूँ

बस तू यहाँ नहीं है,


रात है , ख्वाब है , बात है

मुझे पता है अब तू मेरे शहर में नहीं है


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