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Happy Kumar

Abstract

5.0  

Happy Kumar

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माँ का प्यार

माँ का प्यार

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जब दुनिया मुझसे रूठ गई,

तो तू ही बस मेरे साथ रही।

जब सबने मेरे हाथ छोड़ दिये,

तो बस तू ही इसे थामे रही।


जब मैं बिल्कुल पड़ गया अकेला,

तो तू ही बन गयी मेरी साथी।

मुश्किलें जब टूट पड़ी मुझ पर,

तो तेरे होने के एहसास ने मजबूती दी।


इस जहान चाहे जितना प्यार भी दे दे मुझे,

पर तेरा प्यार हमेशा अनमोल ही रहेगा।

चाहे कोई कितनी भी कद्र करले मेरी,

पर ऐ माँ ! तेरा साथ नौ महीने ज़्यादा ही रहेगा।


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