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Swati Sharma

Abstract

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Swati Sharma

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जिन्दगी

जिन्दगी

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जिन्दगी एक उमंग है,

जिसमे बढ़ते जा रहे हैं,

बस कल की सोच में

आगे बढ़े जा रहे हैं,


रिश्ते नाते सब पीछे छोड़,

बस आगे बढ़ने की आपाधापी में,

हम अपने आप को भूले जा रहे हैं,


क्या हम सच में जिन्दगी का

मूल भूले जा रहे हैं।


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