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Mahima Jain

Abstract Inspirational Others

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Mahima Jain

Abstract Inspirational Others

गमले का पौधा

गमले का पौधा

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मैं गमले का पौधा हूँ

मैं कुछ कह नहीं सकता

जिंदगी तो नहीं है यहाँ पर,

पर मैं मर भी नहीं सकता।

मैं गमले.............


देख बहार को नाच उढता था कभी,

पर अब समेट कर खुद को

सो भी नहीं सकता।


मैं गमले का................

है गम यही जमी नहीं है कदमो पर ,

पर खुशियां देता हूँ

इसलिये रो भी नहीं सकता।


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