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Apurva Jha

Romance

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Apurva Jha

Romance

दीवानगी सी कहीं तुमसे हो गई

दीवानगी सी कहीं तुमसे हो गई

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दबी सी होटों पे कुछ खलिश सी छोड़ आए तुम

आंखो पे अपनी छवि सी दे आए।।

रूहानी सी दिलकशी है तुमसे।

क्या यकीन करलूँ कि तुम हो कहीं।

या कर लूँ पूरी धड़कनों की ख्वाइश।।

क्या नाम दूँ इस रिश्ते का ।

या छोड़ दूँ इसे बेनाम सा ही।

 


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