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J P Raghuwanshi

Inspirational

3  

J P Raghuwanshi

Inspirational

"देशप्रेम"

"देशप्रेम"

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लच्छेदार भाषण देकर,

देशभक्ति नहीं कहलाती।

ये तो क्षणिक वैराग्य हुआ,

चौड़ी करना पड़ती छाती।


जब तक मन में जज्बा न हो,

देश सेवा क्या कर पाओगे।

अपना तन-मन बलिदान करो,

तभी वीर कहलाओगे।


सरहदों पे जो डटे हुए है,

उनसे देशभक्ति सीखो।

सुनकर बंदूकों की, घन घन,

मत घबराओ, तुम मत चीखो।।


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