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Priyanka Sagar

Abstract

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Priyanka Sagar

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बेटी

बेटी

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बेटी तू मेरे घर की रौनक।

तू मेरी शान तू ही मेरी जान।


बेटी होती घर का अभिमान।

तुझ पर हैं मुझे स्वाभिमान।


बेटी होती घर का अरमान।

तुझपे हैं मेरा जीवन कुर्बान।


बेटी के चरणों मे घर की मान।

तुमसे हैं जीवनभर सम्मान।


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