End of Summer Sale for children. Apply code SUMM100 at checkout!
End of Summer Sale for children. Apply code SUMM100 at checkout!

Veena Siddhesh

Abstract


4.5  

Veena Siddhesh

Abstract


बेमतलब

बेमतलब

1 min 319 1 min 319

कुछ बातें बेमतलब ही रहने दो

हर बात का मतलब होना ज़रूरी तो नहीं


कभी ज़िन्दगी का दरिया बस यूं ही बहने दो

मंजिलें हर राह की हों,ये ज़रूरी तो नहीं


अनकहे खामोश मंज़र निगाहों में जज़्ब कर लूं मैं

बस इतना सा सुकूं चाहिए, ये तो कहने दो


कुछ बातें बेमतलब ही रहने दो।


Rate this content
Log in

More hindi poem from Veena Siddhesh

Similar hindi poem from Abstract