Shayar Praveen
Action
मूँछों को ताव देना निशानी रही,
दुश्मनों से लड़ती जवानी रही।
छूँ सका ना कोई दुश्मन जिसे,
मेरी आज़ाद कि ऐसी कहानी रही।
सारी उम्र वतन पर जो मरते रहे,
सर पर बाँधे कफ़न जो लड़ते रहे।
उन शहीदों का गुणगान मैं कैसे करूँ
फाँसियों पर चढ़कर जो हँसते रहे।
महात्मा गाँधी
धरती माँ..
कुछ मुश्किल न...
कश्मीर
आज़ाद
तुम क्या समझो...
जुल्फों से मू...
मेरा हिंदुस्त...
बचपन
इंतज़ार
हमसफ़र जिंदगी में तुम बने, ख़्याल तुम्हारी जिंदगी का अनमोल है। हमसफ़र जिंदगी में तुम बने, ख़्याल तुम्हारी जिंदगी का अनमोल है।
हम भारतीय एक है एक थे एक रहेंगें ये दिखाना। हम भारतीय एक है एक थे एक रहेंगें ये दिखाना।
भूल गई अहसान, रही अबला की अबला। भूल गई अहसान, रही अबला की अबला।
कृष्ण राधा के साथ-साथ हमें, आते जाते हुए दर्शन करना है। कृष्ण राधा के साथ-साथ हमें, आते जाते हुए दर्शन करना है।
जय हिन्द जय भारत माता की शान को बचाना। जय हिन्द जय भारत माता की शान को बचाना।
कल तक जो मुझसे नफरत किया करते थे, आज वो मोहब्बत के आंचल बिछा के बैठे हैं। कल तक जो मुझसे नफरत किया करते थे, आज वो मोहब्बत के आंचल बिछा के बैठे हैं।
न करते थे कभी पलटवार ऐसा था बचपन का परिवार, न करते थे कभी पलटवार ऐसा था बचपन का परिवार,
अपने हिस्से की मिठाई भी मुझे खिला देती हो। अपने हिस्से की मिठाई भी मुझे खिला देती हो।
बनें न फिर वों एक, किए भारत के टुकड़े। बनें न फिर वों एक, किए भारत के टुकड़े।
किसी ने खाली आंखों में छिपे अनगिनत आंसुओं को देखा। किसी ने खाली आंखों में छिपे अनगिनत आंसुओं को देखा।
न्याय व्यवस्था को लेकर हम धरती पर हैं प्रगट हुये। न्याय व्यवस्था को लेकर हम धरती पर हैं प्रगट हुये।
चुपचाप से बहता अपनी मौज में रहता है। चुपचाप से बहता अपनी मौज में रहता है।
ए जिंदगी तू मेरे घर आना, मोहब्बत की बरसात बरसाना ए जिंदगी तू मेरे घर आना, मोहब्बत की बरसात बरसाना
सच अतीत जिंदगी में जरुरत हमसफ़र की होती है। सच अतीत जिंदगी में जरुरत हमसफ़र की होती है।
जब चले गए हो तो जिंदगी में आना कभी नहीं। जब चले गए हो तो जिंदगी में आना कभी नहीं।
किसी और की हूं मैं क्यों सपने संजोता है। किसी और की हूं मैं क्यों सपने संजोता है।
करतब तू यूं दिखाना सीना ऊंचा तानकर करतब तू यूं दिखाना सीना ऊंचा तानकर
अनुभव का नया रंग जीवन को मिलता है। अनुभव का नया रंग जीवन को मिलता है।
लोग लगाते दोष, लगे ना काई सोना। लोग लगाते दोष, लगे ना काई सोना।
जब तक साँस है मेरे इस शरीर में, अंतिम साँस तक देश सेवा करना। जब तक साँस है मेरे इस शरीर में, अंतिम साँस तक देश सेवा करना।