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Anupama TawarRokade

Classics

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Anupama TawarRokade

Classics

संत गाडगेबाबा महाराज

संत गाडगेबाबा महाराज

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गाडगे डोईस। हाती असे काठी।

किर्तनच ओठी। प्रबोधना।१


विवेकनिष्ठीत। मते बुद्धीवादी।

सुसंस्कारादी। डेबूजींची।२


गाडगेबाबांनी।रचले किर्तन ।

मार्ग प्रबोधन। ठरतसे।३


साधी रहाणी। उच्च हो विचार।

समाज सुधार।ध्येय असे।४


अंधश्रद्धा नष्ट। कर्मकांड सोड।

अस्पृश्यता मोड। सांगे बाबा।५


गाडगेबाबास। चालतीबोलती।

शाळाच म्हणती।सारे लोक।६


स्वच्छता मोहीम। झाडू धरी हाती।

 सदा साफ मती। ठेवा म्हणे।७


नदी नाले गाव। स्वच्छता करीत।

भिक्षा हो मागीत। पोटासाठी।८


आरोग्य संपत्ती। विवेकी विचार।

करा हो आचार। बोले डेबू।९


महान आत्म्यास।अनुजा नमते।

कार्यास स्मरते। नित मनी।१०


साहित्याला गुण द्या
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