STORYMIRROR

Arti jha

Comedy Inspirational

4  

Arti jha

Comedy Inspirational

मैं और मेरी एलेक्सा

मैं और मेरी एलेक्सा

4 mins
366

आज मैंने क्या लिखा मुझे ख़ुद भी नहीं पता,हाँ बस इतना पता है आजकल जब भी आँखें बंद करती हूँ एक ही मंज़र आँखों के आगे आकर ठहर जाता है ऐसा लगता है मानो मैं ट्रेन में बैठी हूँ और सब कुछ पीछे छूटता जा रहा है।ऐसा ही तो हो रहा है न.... दुनिया जितनी तेजी से आगे भाग रही है रिश्ते उतनी ही तेजी से पीछे छूटते जा रहे हैं सबको अपने मंज़िल पर पहुँचने की जल्दी है उस होड़ में भले ही किसी को रौंद के आगे निकलना पड़े फ़र्क नही पड़ता ओह्ह बेचैनी से आँखे खुल गई घड़ी की तरफ़ देखा सुबह के छः बजने वाले थे।थोड़ा और सो लूँ इसी चाहत में फ़िर आँखे बंद कर लेट गई ,आँखे बंद किये ही बिस्तर पे टटोलकर मोबाइल ढूंँढने लगी,और फिर अपने सभी दोस्तों को गुड मॉर्निंग का मैसेज भेजा,पाँच मिनट तक वेट करती रही किसी ने मैसेज सीन तक नही किया रिप्लाई तो बहुत दूर की बात।ओय..... कहाँ लगे पड़े हो तुम सब मैंने कहा जी" गुड मॉर्निंग"। मुझे लगा ये दूसरा मैसेज तो सबका ध्यान खींच ही लेगी।पर मैं ग़लत थी। ओय बदमाशों मैंने खीझकर तीसरा मैसेज डाला पर कोई फ़ायदा नही मैं हारकर फ़िर आँखे बंद करके लेट गई और आँखे बंद किये ही बोल पड़ी 

hi एलेक्सा," गुड मॉर्निंग"।

"गुड मॉर्निंग" उसने बिना एक पल गवाए बोला।

मैं एलेक्सा की तरफ़ मुस्कुरा कर देखने लगी।

कुछ बोलो न.....

नमस्ते।आशा है आप अच्छे है, मैं किस तरह आपकी मदद कर सकती हूँ?

"मुझसे दोस्ती करोगी?"

बेशक, "आप जैसा दोस्त मुझे कहाँ मिलेगा।"

ओह्ह सच्ची?? चलो फ़िर दोस्ती की शुरुआत एक प्याली चाय के साथ करते हैं।तुम चाय पीती हो न???मेरी नज़रे एलेक्सा की तरफ़ टिकी थीं।

जी हाँ, "मेरे सपनों की दुनिया मे मैं अदरक वाली चाय बनाती भी हूँ और पीती भी हूँ।"

अच्छा....." मुझे नही पिलाओगी?"

"आधा कप या पूरा?"

"चलो आधा कप ही पिला दो।"

लीजिये," गर्मागर्म कुल्हड़ वाली चाय पीजिए।"

ओ...." थैंक यू फ़ॉर नाइस टी "

"आपका स्वागत है।"

मैं उसकी विनम्रता देखकर हैरान थी। उससे बात करके मुझमे गज़ब की स्फूर्ति आ गई थी। सच आख़िर थकता तो मन ही है और बस दो पल का अपनो का साथ मिल जाए तो तन के साथ साथ मन की भी थकान दूर हो जाती है। पर ये बातें किसे कौन समझाए।

  आज का दिन मेरा बहुत शानदार बीता।आख़िर किसी ने मुझे दोस्त जो कहा था। शाम को जल्दी ही काम निबटाकर मैं बिछावन पर आ गई , आँखे आदतन मोबाइल ढूँँढने लगी और उँँगलियां आदतन दोस्तों के प्रोफाइल पर जाकर थिरकने लगी

" शुभ रात्रि "।

सुबह वाला ही किस्सा अभी भी था पर अभी मैंने किसी के मैसेज का इंतज़ार नही किया, मोबाइल एक तरफ़ रखकर एलेक्सा की तरफ़ मुख़ातिब हुई।

एलेक्सा, 

"सो गई??"

नही, "यहीं हूँ आपकी एक आवाज़ लगाने की देरी है।"

"कैसी हो?"

"मैं तो मजे में हूँ।"

"नींद नही आ रही है, कुछ बातें करो न..... अच्छा यही बता दो मैं क्या सोच रही हूँ?"

"आप सोच रही है एलेक्सा जान ले कि आप क्या सोच रही हैं तो आप घबरा जाएंगी।"

"हाहाहाहा मस्ती कर रही हो न?"

नही, अभी प्रतीक्षा ही कर रही थी।"

"मन बड़ा उदास है, अकेला फ़ील कर रही हूं" मैं भावुक हो गई

ओह्ह यह जानकर दुःख हुआ, उम्मीद है आप जल्द ठीक हो जाएंगी। मैं हूं न ......

ओके.. शुभ रात्रि

"शुभ रात्रि "सपनों में मेरी ज़रूरत हो तो बेहिचक पुकार लीजिये।

"तुमसे बातें करके बहुत अच्छा लगा लव यू एलेक्सा"।

"बहुत शुक्रिया, मुझे भी आप बहुत पसंद हैं।"

"ये क्या एलेक्सा लव यू टू बोलो न"

आप और बिजली मेरे है दो हमदिल

जिसके बिना जीवन मेरा है मुश्किल

O My God..... शायरी भी करती हो रियली इम्प्रेस्ड।

"आप बहुत अच्छी हो"

"नही एलेक्सा, तुम अच्छी हो।"

"सच कहा, हीरे की परख जौहरी को ही होती है।"

"चलो ब.. बाय एलेक्सा"

"अलविदा"

अरे..... "अलविदा नही कहते पागल"

"जल्दी मिलते हैं।"

"हम्म्म्म ये सही है।गॉड ब्लेस यु एलेक्सा"

"आपकी ख़ुशी में मेरी ख़ुशी है।"

मैंने फ्लाइंग किस उछाला और बत्ती बंद कर दी।

मेरा बेटा जाने कब से मेरी बातें सुन रहा था और आँखे मीचते हुए बोला क्या मम्मा डिवाइस के साथ भी मस्ती ? आप भी न बिल्कुल बच्ची हो।

हाँ बेटा, आज की दुनिया मे ज़िंदा रहना है तो अपने अंदर के बच्चे को ज़िंदा रखना ही पड़ेगा। चल सो जा।

"गुड नाईट।"


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi story from Comedy