अंधविश्वास का भूत शिक्षा में
अंधविश्वास का भूत शिक्षा में
अंधविश्वास का भूत आजकल जहां-तहां दिखाई दे रहा है। बच्चों को भी माँ पिता न जाने कहां-कहां से कुछ अनौखी चीजें लाकर गले में हाथों में पहना देते हैं।
ताबीज, कोई सिद्धि यंत्र, काला धागा या लाल पिली चीजे हरी मीर्च, निंबू बांधकर घर के दरवाजे पर लटका दो। रोटी और चने चौराहे पर फेंक जाते हैं लेकिन अनेक टोटके आजमानेके बाद भी अम्मा के लड़कियों की शादी नहींं हो पा रही थी।
अम्मा बड़ी परेशान थी। अम्मा को समझ में नहीं आरहा था।अब क्या करे चारो बेटिया विवाहके लायक हो चूकी थी।रातदिन टिव्ही चॅनल या युट्युब,गुगलपे से किसिके जरिये आडियो, व्हिडीओसे जानकारी लेती थी, और वैसे ही करती थी। अंधविश्वास मेंं पुरी तरह फस चुकी थी। पीर फकिर बाबाके चक्कर काटनेमें तनावभरा जीवन जिये जारही थी। उसमें धनराशी ,गहने चले गये थे। खेतीबाड़ी बची थी। किसी तरह गुजारा हो रहा था।
नये नये बाबा के की तलाश मेंं अम्मा लगी रहती थी। आखिर एक दिन वे सच्चे बाबा मिल ही गए। उनसे अम्माने अपनी आपबीती बताई,सुनकर बाबा मुस्कुराये। और कहने लगे अम्मा मै तो कोई चमत्कार जानता नहीं हुं। लेकिन उपाय बता सकता हुं। आपकी बेटिया तो सभी सुंदर है।क्या आज तक कोई विवाह के लिये बेटी का हाथ मांगने नहीं आये? अम्मा बोली बौहुत आये।लेकिन कोई भी बेटियों के लायक नहीं थे। बाबा बोेले ! आपकी क्या ख्वाईश थी उन लोगोसे; अम्मा बोली ! हमारी तो एकही माँग रही। बेटियोको खातेपिते और नौकरीवाले वर मिल जाये बस, बाबा बोेले ! बेटियोकी पढ़ाई कहां तक हुई है बताओ और अब इनमें क्या क्या कलागुण है यह भी बता दो। अम्मा एकदम चुप हो गई और कहने लगी। बाबा आप तो जानते हो, जमाना कितना खराब है। मैं अपनी चारों फूल सी बिटियाँ को बाहर नहीं जाने दिया।
बाबा हंस पडे ! फिर तो कोई चमत्कार काम नहीं करेगा।
जैसे आपकी अपेक्षा है खाते-पीते और नौकरीवाले वर मिल जाये, उसी प्रकार उन्हें भी अपेक्षा होगी। शिक्षा लेनेवाला शिक्षा का महत्व जानता है। वे लोग क्यों अपने बेटों के लिये अनपढ़, निरक्षर बहू ले जायेंगे। बहुत ही बड़ी गलती कर दी अम्मा आपने। अब तो एक ही रास्ता है। गरीब अनपढ़ से ही आपको बिटिया का विवाह करना पडेगा। उनके भाग्य अच्छे होंगे एवं मेहनती होगी तो वह सुखी जीवन बिता सकेगी। शिक्षा इंसान को क्या से क्या बना देती है। शिक्षाके बिना दुनिया में कुछ नहीं है।यह शिक्षा सामान्य आदमी से खास इंन्सान बना सकती है। आपसे बहुत बड़ी गलती हो गयी है। कहकर बाबा चले गये। अम्मा तो सर पकड़कर बैठ गयी। आँखों के आगे अंधेरा छा गया।
