STORYMIRROR

Neeta Datta

Abstract

3  

Neeta Datta

Abstract

वृक्ष लगाएं

वृक्ष लगाएं

1 min
286

आओ एक वृक्ष लगाएँ,

कल के लिए खुशियाँ लाएँ

धुल और धुएँ से भरे इस,

वातावरण को स्वच्छ बनाएँ

आओ एक वृक्ष लगाएँ,

कल के लिए खुशियाँ लाएँ


क्रंकीट के जंगल में खो रहें,

जीवन में नवजीवन का संचार करें

आओ एक वृक्ष लगाएँ,

कल के लिए खुशियाँ लाएँ


धरती पर छाएँ संकट को,

हरियाली से दूर भगाएँ

आओ एक वृक्ष लगाएँ,

कल के लिए खुशियाँ लाएँ


भक्ति ज़िन्दगी भी कहेगी एक दिन,

चलो इसकी छाँव में थोड़ा सुस्ताएँ

आओ एक वृक्ष लगाएँ,

कल के लिए खुशियाँ लाएँ।


Rate this content
Log in

Similar hindi poem from Abstract