Rochana Singh
Inspirational
उम्र होती है हर चीज़ की,
होता है इक-निजा़म
आता नहीं लौटकर
छूट जाता है जो मुक़ाम।
जो जाग जाते हम
वक्त पर,
तो क्यों बनती
ये खुशनुमा सी जिन्दगी
एक इल्जाम।
वो पागल सा लड...
यादें
वक्त कहां एक ...
इश्क़ हुआ मुझ...
सफ़र
समय कभी एक सा...
यादों का शहर
मोहब्बत आफ़त ...
अब प्यार नहीं...
जिन्दगी कैसी ...
ये कविता पिता और परिवार के रिश्तों का आयना है । ये कविता पिता और परिवार के रिश्तों का आयना है ।
चन्दा सोहे शीश पर , काम नशावन हार । मोह निशा का नाश कर , ज्ञान दिवस दातार।। चन्दा सोहे शीश पर , काम नशावन हार । मोह निशा का नाश कर , ज्ञान दिवस दातार।।
मैंने विरासत में करोड़ो पाने वालो को, छिपने में सुकून महसूस करते देखा है| मैंने देखा है, मैंने विरासत में करोड़ो पाने वालो को, छिपने में सुकून महसूस करते देखा है| मैंने द...
चलता रहा हूँ, रुका नहीं, गिरा कई बार, झुका नहीं। चलता रहा हूँ, रुका नहीं, गिरा कई बार, झुका नहीं।
ताज के आम हीरो ' (Based on the events of 26/11) ताज के आम हीरो ' (Based on the events of 26/11)
तुम फिर प्रयास करो यशवंती अपना भुजबल आजमाओ तुम। तुम फिर प्रयास करो यशवंती अपना भुजबल आजमाओ तुम।
रोम रोम को झंकृत कर देने की शक्ति समाहित किये हुऐ आपके प्रिय कवि विद्रोही का श्रृंगार और करुण रस का ... रोम रोम को झंकृत कर देने की शक्ति समाहित किये हुऐ आपके प्रिय कवि विद्रोही का श्र...
मैंने कहा- "तुम स्त्री जात हो इसीलिए भावनाओं की गंगा में बहती रहती हो मैंने कहा- "तुम स्त्री जात हो इसीलिए भावनाओं की गंगा में बहती रहती हो
नफरतें नफरतें दुनिया को बांटती नफरतें नफरतें नफरतें दुनिया को बांटती नफरतें
कृष्णा ने की सृष्टि की रचना<br>विनीता से निभाना है हमें<br>सुखी संसार की कल्पना करके<br>ऊंची उड़ान भ... कृष्णा ने की सृष्टि की रचना<br>विनीता से निभाना है हमें<br>सुखी संसार की कल्पना ...
हौसलों की उड़ान में, इरादों को मकसद बनाकर तो देखो; प्रगति पथ पर तुम, हिम्मत से कदम उठाकर तो देखो... हौसलों की उड़ान में, इरादों को मकसद बनाकर तो देखो; प्रगति पथ पर तुम, हिम्मत से क...
, आज़ाद सही मायनों में और फिर से मनाययेगें उत्सव स्वतंत्रता का। , आज़ाद सही मायनों में और फिर से मनाययेगें उत्सव स्वतंत्रता का।
खड़क धूपमें किसान अपनी फसलों को काटता है जिससे भारत में कोईभी भारतवासी भूख ना रह सके वह लोगोंको प्रे... खड़क धूपमें किसान अपनी फसलों को काटता है जिससे भारत में कोईभी भारतवासी भूख ना रह...
हो भाग्यहीन तुम, नहीं जन्मीं कन्या तुमने, कन्यादान है महादान। हो भाग्यहीन तुम, नहीं जन्मीं कन्या तुमने, कन्यादान है महादान।
ये कविता उन सब लोगों को समर्पित है जो अपंग होते भी ज़िन्दगी से हार नहीं मानते, डटे रहते हैं, ज़िन्दगी... ये कविता उन सब लोगों को समर्पित है जो अपंग होते भी ज़िन्दगी से हार नहीं मानते, ड...
एक संभावनाओं की दुर्घटना अधिक लगता है, और मन में अनायास अवांछित होने का भाव जगता है एक संभावनाओं की दुर्घटना अधिक लगता है, और मन में अनायास अवांछित होने का भाव ज...
हम मनोहर दूरवर्ती, कार्यक्रम चलाएं। अपने सभी बच्चों का,हम सब ग्रुप बनाएं। हम मनोहर दूरवर्ती, कार्यक्रम चलाएं। अपने सभी बच्चों का,हम सब ग्रुप बनाएं।
आपकी शक्ति मुक्ति और भक्ति। आपकी शक्ति मुक्ति और भक्ति।
गुरु तुम्हारे शब्दों के पीछे छुपा हुआ मौन है। गुरु वही जिसका मौन भी सिखाए, जिसकी खामोशी में भी एक क... गुरु तुम्हारे शब्दों के पीछे छुपा हुआ मौन है। गुरु वही जिसका मौन भी सिखाए, जिसक...
छत की सरजमी भी बड़ी प्यारी है जनाब, दिखाती है नजरों को दिन में ख्वाब। छत की सरजमी भी बड़ी प्यारी है जनाब, दिखाती है नजरों को दिन में ख्वाब।