STORYMIRROR

Dhan Pati Singh Kushwaha

Abstract Classics Inspirational

4  

Dhan Pati Singh Kushwaha

Abstract Classics Inspirational

शुभ आशीष

शुभ आशीष

1 min
496

अमर रहे तुम दोनों का प्यार ,

तुम्हारा सुखमय हो संसार।


आज के दिन इक दूजे का,

था थामा तुमने वचन संग हाथ।

सुख समृद्धि खुशहाली के हित,

हर पल जीवन के ईश कृपा रहे साथ। 


हर दिन दूना और हर रात चौगुना,

बढ़ता रहे तुम दोनों का असीम ही प्यार।

अमर रहे तुम दोनों का प्यार ,

तुम्हारा सुखमय हो संसार।


विशिष्ट प्रयोजन से भेजते प्रभु सबको,

हमें सदा ही हर एक पल रखना है याद।

आजीवन भौतिक रूप में संग रहूंगा,

और संग रहूंगा मैं तो मरने के भी बाद।


यह नश्वर देह जब साथ में न रहेगी,

तब भी साथ रहेंगे हमारे अमर विचार।

अमर रहे तुम दोनों का प्यार ,

तुम्हारा सुखमय हो संसार।


खुशी या ग़म हो पर सदा निभाना,

इक दूजे का हर हालत में साथ।

कठिन समय में भी मत घबराना,

सदा ही प्रभु परमेश्वर है तव साथ।


विनती परमपिता से बस यही हमारी,

निज कृपा की बारिश करते रहें लगातार।

अमर रहे तुम दोनों का प्यार

तुम्हारा सुखमय हो संसार।


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Abstract