Pawanesh Thakurathi
Abstract
तारीख बदली
महीना बदला
बदला सन्
नहीं बदला तो
केवल मेरा पापी मन।
दिसंबर के मही...
गणतंत्र
तिरंगा
चोर
जीवन लाखों का...
प्यारी हिंदी ...
पत्रकार, तुम ...
डर
समस्या
हल को हुआ बंज...
राजमुकुट की वापसी की खातिर चिंता में रहने लगी राजमुकुट की वापसी की खातिर चिंता में रहने लगी
गणपति आज कृपा की बारी। जीवन बहुत लगे अब भारी।। गणपति आज कृपा की बारी। जीवन बहुत लगे अब भारी।।
बस इल्तज़ा है ये मेरी सपनों के बाग में सच्चाई हो, संघर्ष हो, इंसा के ख्वाब में। बस इल्तज़ा है ये मेरी सपनों के बाग में सच्चाई हो, संघर्ष हो, इंसा के ख्वाब में...
कल तुम पर आरोप लगेगा। शीश आपका स्वयं झुकेगा। औलादें जब देंगी ताना। कल तुम पर आरोप लगेगा। शीश आपका स्वयं झुकेगा। औलादें जब देंगी ताना।
जीवन में जब से हुआ,में समझदार तब से अपनों से मिलने लगा,दुत्कार। जीवन में जब से हुआ,में समझदार तब से अपनों से मिलने लगा,दुत्कार।
याद रहेगा बस वही, जो पावन साहित्य। लोगों के दिल में सदा, है बन चमके आदित्य।। याद रहेगा बस वही, जो पावन साहित्य। लोगों के दिल में सदा, है बन चमके आदित्य।।
शिव शंकर को हम करें, बारंबार प्रणाम। माँ गौरा संग में बढ़ी, जिनकी शक्ति ललाम।। शिव शंकर को हम करें, बारंबार प्रणाम। माँ गौरा संग में बढ़ी, जिनकी शक्ति ललाम।...
मुझे हराने के लिए तुमने, मुझे बहुत दुश्वारियां दी, अब क्या सोचा है, जीतने से कैसे रोको मुझे हराने के लिए तुमने, मुझे बहुत दुश्वारियां दी, अब क्या सोचा है, जीतने से ...
अरे मन से पुकारो, फिर देखो, हम तुम्हारे पास हैं, साथ हैं। अरे मन से पुकारो, फिर देखो, हम तुम्हारे पास हैं, साथ हैं।
रामराज्य का हमें भी तो कम से कम एक बार दर्शन कराओ। रामराज्य का हमें भी तो कम से कम एक बार दर्शन कराओ।
जो नष्ट होता है वह भ्रमजाल है वियोग- मायाजाल जब हम अपने भ्रम को स्वीकार कर लेते हैं ... जो नष्ट होता है वह भ्रमजाल है वियोग- मायाजाल जब हम अपने भ्रम को स्वी...
अब लगाव की चाहना, रखते हैं हम लोग। काम लगे तब मिल सके, यथा समय सहयोग। अब लगाव की चाहना, रखते हैं हम लोग। काम लगे तब मिल सके, यथा समय सहयोग।
समय आज फिर आ गया, करने को मतदान। सोच समझ कर कीजिए, मत बनिए अज्ञान।। समय आज फिर आ गया, करने को मतदान। सोच समझ कर कीजिए, मत बनिए अज्ञान।।
तमाम उम्र मेरा दम उसी धूँए मे घुटा- वो इक चिराग था मैने उसे बुझाया है। तमाम उम्र मेरा दम उसी धूँए मे घुटा- वो इक चिराग था मैने उसे बुझाया है।
करे ऐसा जो खुद भले मिट जाये पर परोपकार की मिशाल बन जाये। करे ऐसा जो खुद भले मिट जाये पर परोपकार की मिशाल बन जाये।
ज्येष्ठ श्रेष्ठ जो लोग हैं, कब करते हैं क्रोध। पथ दिग्दर्शन वे करें, सत्य कराते बोध।। ज्येष्ठ श्रेष्ठ जो लोग हैं, कब करते हैं क्रोध। पथ दिग्दर्शन वे करें, सत्य करा...
राम वनवास की यही कहानी थी जिसे किसी ने भी न जानी थी । राम वनवास की यही कहानी थी जिसे किसी ने भी न जानी थी ।
लड़ते -लड़ते हो रहे, दोनों ही कंगाल। भला समझता कौन है, कलयुग का जंजाल।। लड़ते -लड़ते हो रहे, दोनों ही कंगाल। भला समझता कौन है, कलयुग का जंजाल।।
मुझे माफ कर देना मां, मैं चाहकर भी तुमसे मिलने ना पाया। मुझे माफ कर देना मां, मैं चाहकर भी तुमसे मिलने ना पाया।
तो मेरे कल कल करते पानी से हर तरफ हरियाली ही हरियाली दिखे। तो मेरे कल कल करते पानी से हर तरफ हरियाली ही हरियाली दिखे।