STORYMIRROR

Mukesh Kumar Modi

Inspirational

4  

Mukesh Kumar Modi

Inspirational

ख़ुदा का हाथ और साथ

ख़ुदा का हाथ और साथ

1 min
248

*ख़ुदा का हाथ और साथ*


क्यों ढूंढे सहारा किसी का पकड़ ख़ुदा का हाथ

तेरे मरते दम तक कभी न छोड़ेगा वो तेरा साथ


झूठ कपट और धोखा उसके मन में नहीं रहता

सबके लिए उसके मन में प्यार ही समाया रहता


सिर्फ याद करना है उसे ख़ुद को रूह समझकर

रख देगा वो सारे संसार को बहिश्त में बदलकर


ख़ुदा है सच्चे दिल वाला कर लो उस पर यकीन

पाक बना देगा सब कुछ आसमां हो या जमीन


दिलो दिमाग में वो रखता सच्चाई और सफाई

इसीलिए सारी दुनिया करती उसकी ही बड़ाई


ऐसे सच्चे ख़ुदा को रखो दिल में सदा समाकर

नर्क को स्वर्ग बनायेगा धरा पर ख़ुद वो आकर।


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Inspirational