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Shakti Kumar

Abstract

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Shakti Kumar

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कौन है

कौन है

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वक्त बीत जाने के बाद

एक दूजे को पहचानता ही कौन है,

आज तो उसने भी कह दिया मुझसे

कि बता तू कौन है।


उसने तो कहा था यह इश्क

मोहब्बत पसँद नहीं है उसे,

तो ये जो उसे बाबू बाबू कहता है

अब भला वह कौन है।


घायल हो गया था मैं तो उसके

धारदार काजल के वार में आकर,

अब मेरे बाद इस झाँसे में आकर

घायल होने वाला कौन है।


क्या वो वही है जिससे कभी

बेइँतहा प्यार किया था मैंने,

फिर जिससे बहुत नफरत है

अब मुझे वह भला कौन है।


मैं तो कसम खा चुका कभी

मोहब्बत नहीं करने की,

तो "शक्ति" फिर से मोहब्बत में है

यह अफवाह फैलाने वाला कौन है।


यहाँ जो भी मिलता है यही

कहता है उसे धोखा मिला है,

समझ नहीं आता आखिर

यह धोखा देने वाला कौन है। 


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