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Astha Trivedi

Abstract

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Astha Trivedi

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ज़िन्दगी की राह

ज़िन्दगी की राह

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जिन्दगी की

अनजान सुनसान राहों में

मिल जाते हैं साथी कई।


कुछ कदम

दो कदम साथ चलकर

मोड़ आने पर मुड़ जाते हैं कहीं।


फिर कभी यादों में

तो कभी बातों में

झलक जाते है कभी।


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